बेटे के बाद शिक्षिका मां की भी मिली लाश

पुलिस प्रेम प्रसंग और आर्थिक लेनदेन समेत विभिन्न पहलुओं पर कर रही जांच
छत्तीसगढ़संवाददाता
सूरजपुर, 11अक्टूबर। सूरजपुर जिले के जयनगर थाना क्षेत्र में शनिवार को महाबीरपुर में पंचायत सड़क किनारे रक्तरंजित हालत में मिले युवक के शव की पहचान कार्मेल कान्वेंट स्कूल बिश्रामपुर में कक्षा 12वीं के छात्र सुजल बरेठ के रूप में हुई है। इस मामले में देर रात उस समय नया मोड़ आ गया, जब पुलिस को सुजल की मां रजनी बरेठ का शव भी केशवनगर स्थित ममता कॉलोनी के एक किराए के मकान में मिला। रजनी बेलटिकरी में शिक्षिका के पद पर कार्यरत थीं। मां-बेटे की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है।
प्रारंभिक तौर पर बेटे की धारदार हथियार से और मां की गला दबाकर हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, हत्या के कारणों और घटनाक्रम की आधिकारिक पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।
शनिवार, 10 अक्टूबर की सुबह महाबीरपुर में एनएच-43 के समीप कालीघाट के पास पंचायत सड़क किनारे सुजल का खून से सना शव मिला था। घटना की सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की। डॉग स्क्वायड, एफएसएल और साइबर सेल की टीम ने भी घटनास्थल का निरीक्षण किया। शव की पहचान होने के बाद जब पुलिस सुजल के घर पहुंची, तो वहां उसकी मां रजनी बरेठ का शव मिला। इसके बाद मामला दो संदिग्ध हत्याओं से जुड़ गया।
देर रात शिक्षिका का शव मिलने की सूचना पर पुलिस अधीक्षक सहित पुलिस का अमला मौके पर पहुंचा। रविवार सुबह तक मृतका के परिजन भी घटनास्थल पर पहुंच गए। पुलिस ने आवश्यक पंचनामा कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मां-बेटे की मौत के बीच संभावित संबंधों और घटनाक्रम को लेकर पुलिस अलग-अलग बिंदुओं पर जांच कर रही है।
बेटे के साथ किराए के मकान में रहती थीं शिक्षिका
जानकारी के अनुसार, रजनी बरेठ अपने इकलौते बेटे सुजल के साथ केशवनगर स्थित ममता कॉलोनी में मनोज जायसवाल के किराए के मकान में रहती थीं। सुजल बिश्रामपुर के कार्मेल कान्वेंट स्कूल में कक्षा 12वीं का छात्र था, जबकि उसकी मां रजनी बेलटिकरी में प्रभारी प्रधान पाठक के पद पर कार्यरत थीं।
बताया गया है कि रजनी की स्कूटी एनएच-43 पर स्थित नायरा पेट्रोल पंप के पास लावारिस हालत में मिली है। वहीं, मां-बेटे के मोबाइल फोन भी अब तक बरामद नहीं होने की जानकारी सामने आई है। पुलिस इन तथ्यों को जांच में महत्वपूर्ण मानते हुए उनकी कडिय़ां जोडऩे का प्रयास कर रही है।
बैंक से 16 लाख रुपये का ऋण लेने की भी चर्चा
मामले में आर्थिक पहलू को लेकर भी चर्चा हो रही है। बताया जा रहा है कि रजनी ने कुछ दिन पहले बैंक से 16 लाख रुपये का ऋण लिया था। हालांकि, इस रकम का घटना से कोई संबंध है या नहीं, यह अभी स्पष्ट नहीं है। पुलिस इस पहलू की भी पड़ताल कर सकती है।
जानकारी के मुताबिक, रजनी का अपने पति से न्यायालय के माध्यम से विधिवत तलाक हो चुका था और वह वर्ष 2020 से पति से अलग रह रही थीं। फिलहाल पुलिस किसी एक कारण को हत्या की वजह मानकर नहीं चल रही है। प्रेम प्रसंग, आर्थिक लेनदेन और अन्य संभावित कारणों सहित विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
दो दिन पहले तक परिजनों से हुई थी बात
घटना की जानकारी मिलने के बाद मृतका के मामा वीरेंद्र बरेठ सहित अन्य परिजन मौके पर पहुंचे। वीरेंद्र बरेठ ने बताया कि दो दिन पहले तक रजनी और सुजल से परिवार के लोगों की बातचीत हुई थी। इसके बाद अचानक देर शाम दोनों के मोबाइल फोन बंद हो गए। संपर्क नहीं होने पर परिजनों को अनहोनी की आशंका होने लगी थी। उन्होंने बताया कि रजनी मूल रूप से छत्तीसगढ़ के सक्ति जिले के मुक्ताराजा, बाराद्वार क्षेत्र की निवासी थीं।
संयुक्त पुलिस टीम कर रही जांच
मां-बेटे की संदिग्ध मौत के मामले में बिश्रामपुर और जयनगर पुलिस की संयुक्त टीम जांच में जुटी है। पुलिस शिक्षिका के घर आने-जाने वाले लोगों, उनके संपर्कों और घटना से पहले की गतिविधियों की जानकारी जुटा रही है। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों, मोबाइल फोन की तलाश और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जाएगा।
फिलहाल हत्या के पीछे की वास्तविक वजह और वारदात में शामिल लोगों की पहचान पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।



