नवरात्रि मनाने के लिए हम आभूषणों से संस्कृति और प्रकृति दोनों से ग्राहकों को जोड़ते हैं-लिप्सा

चांदी भंडार ने लाया बेहद खास आरण्या एडिट
रायपुर, 8 अक्टूबर। चांदी भंडार की निदेशक लिप्सा हंस ने बताया कि चांदी भंडार ने रायपुर के लिए आरण्या एडिट का अनावरण किया है। रायपुर में, नवरात्रि एक त्योहार से कहीं अधिक है। यह आस्था और सामजिक एकजुटता का एक भव्य उत्सव है, जो नौ दिनों की भक्ति और उत्सव के माध्यम से लोगों को आपस में जोड़ता है। इस पावन पर्व के केंद्र में माँ दुर्गा हैं, जिनकी उनके नौ दिव्य रूपों में पूजा की जाती है, और प्रत्येक रूप शक्ति व साहस से लेकर करुणा, ज्ञान और कृपा तक नारी शक्ति की एक अनूठी अभिव्यक्ति है। एक साथ मिलकर, ये सभी रूप नवरात्रि को नारी भावना के विविध पहलुओं का एक भव्य उत्सव बनाते हैं।
श्रीमती हंस ने बताया कि इसी दिव्यता से प्रेरित होकर, चांदी भंडार ने आरण्या प्रस्तुत किया है, जो नवरात्रि के इस विशेष उत्सव के लिए उसके ऑक्सीडाइज़्ड चांदी के आभूषणों की एक बेहतरीन फेस्टिव प्रेजेंटेशन है। आरण्या नाम अरण्य यानी जंगल से लिया गया है, जो जमीन से जुड़ा हुआ और प्रकृति के बेहद करीब है। यह एक ऐसी सुंदरता को दर्शाता है जो मिट्टी से जुड़ी होने के साथ-साथ अपने आप में बेहद शक्तिशाली भी है। इसकी ऑक्सीडाइज़्ड फिनिश हर एक वेलरी को हमारी प्राचीन संस्कृति से जोड़ती है, जबकि इसके काम्प्लेक्स डिज़ाइन के साथ ट्रेडिशनल क्राफ्ट्समैनशिप कंटेम्पररी अपील देते हैं।
श्रीमती हंस ने बताया कि 92.5 स्टर्लिंग सिल्वर में गढ़ा गया और ऑक्सीडाइज़्ड ट्रीटमेंट से संवारा गया आरण्या एडिट स्टेटमेंट पीस और रोजमर्रा के आभूषणों का एक अनूठा संगम है, जो ऑक्सीडाइज़्ड सिल्वर और भी बेहतरीन तरीके से पेश करता है। आरण्या एडिट के अलावा, पुरुष चांदी भंडार के अमोघ कलेक्शन का भी रुख कर सकते हैं, जिसमें चांदी की चेन, पेंडेंट, अंगूठियां और कंगन का एक आकर्षक और विविधता से भरा कलेक्शन शामिल है।



