छत्तीसगढ़

मूलभूत सूक्ष्मजीव विज्ञान अवधारणाओं संग प्रयोगशाला में उपयोगी तकनीकों का प्रशिक्षण

एसएसपीयू भिलाई में कार्यशाला

भिलाई, 14 अक्टूबर। श्री शंकराचार्य प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी, भिलाई ने बताया कि सूक्ष्मजीव विज्ञान विभाग द्वारा मूलभूत सूक्ष्मजीव वैज्ञानिक तकनीकें विषय पर दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें 100 से अधिक विद्यार्थियों ने सहभागिता की। कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों को सूक्ष्मजीव विज्ञान की मूलभूत अवधारणाओं के साथ प्रयोगशाला में उपयोग की जाने वाली व्यावहारिक तकनीकों का प्रशिक्षण देना था।

एसएसपीयू ने बताया कि कार्यशाला का उद्घाटन विश्वविद्यालय की कुलपति डॉ स्मिता सेलट ने किया।प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि उच्च शिक्षा एवं वैज्ञानिक विकास में शोध की महत्वपूर्ण भूमिका है। विद्यार्थियों को जिज्ञासा, नवाचार और शोध के प्रति हमेशा सजग रहना चाहिए।सूक्ष्म जीवविज्ञान का व्यापक क्षेत्र अनुसन्धान के लिए उपलब्ध है,हमें इसका लाभ मिलेगा जिससे हम समाज और विज्ञान को कुछ दे सकेंगे,।

एसएसपीयू ने बताया कि अधिष्ठाता डॉ. प्राची निमजे ने सूक्ष्मजीव विज्ञान एवं नैनोकण आधारित तकनीकों के समन्वय से अंतर्विषयी शोध की संभावनाओं पर जानकारी दी। विभागाध्यक्ष डॉ. नरेश कुमार देवांगन ने सूक्ष्मजीव विज्ञान की मूलभूत अवधारणाओं एवं वैज्ञानिक अनुसंधान में उनके महत्व को समझाया। विद्यार्थियों को पोषक माध्यम तैयार करने, शुद्ध संवर्धन, क्रमिक तनुकरण तथा सूक्ष्मजीवरोधी परीक्षण जैसी तकनीकों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।

एसएसपीयू ने बताया कि दूसरे दिन हैंगिंग ड्रॉप तकनीक एवं ग्राम अभिरंजन की प्रक्रिया से परिचित कराया गया। साथ ही प्रयोगशाला में स्वच्छता, सुरक्षा तथा संदूषण रोकने के उपायों पर जोर दिया गया। कार्यशाला का समन्वयन विभागाध्यक्ष डॉ. नरेश कुमार देवांगन एवं डॉ. श्वेता सिंह चौहान ने किया। इस आयोजन से विद्यार्थियों में प्रयोगात्मक दक्षता, वैज्ञानिक दृष्टिकोण तथा शोध के प्रति रुचि विकसित करने में सहायता मिली।

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button