नसीरुद्दीन के ‘मैं दिमाग़ी नक्सल हूं’ वाले बयान पर किरण रिजिजू क्या बोले?

बॉलीवुड के जाने-माने अभिनेता नसीरुद्दीन शाह के दिमाग़ी नक्सल बयान पर केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने तीखी प्रतिक्रिया दी है.
रिजिजू ने एक्स पर लिखा, मैं सोचता था कि नसीरुद्दीन शाह एक सामान्य एक्टर थे. मैं उनकी इज़्ज़त करता था और पसंद करता था. मुझे नहीं पता था कि वो एक ख़तरनाक़ अरबन दिमाग़ी नक्सल हैं.
मुझे उसके असली चरित्र के बारे में बहुत देर से पता चला. भारत के लोकतंत्र के लिए अत्यंत हानिकारक है.
रिजिजू की यह टिप्पणी मंगलवार को फ़ेसबुक पर नसीरुद्दीन शाह के एक वीडियो पोस्ट के जवाब में आई.
इस वीडियो में नसीरुद्दीन शाह ने दिल्ली की जामिया मिल्लिया इस्लामिया के छात्रों का समर्थन किया, जो अपने छात्र संघ को बहाल किए जाने की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं.
दिमागी नक्सल लिखा बैज लगाए शाह केंद्र की बीजेपी सरकार की तीखी आलोचना करते नज़र आए.
वीडियो में शाह ने कहा, मैं फ़ख़्र के साथ कहता हूं कि मैं दिमाग़ी नक्सल हूं. दिमाग़ी नक्सल के अलावा मालूम नहीं मुझे जैसे लोगों को चौकीदार ने क्या क्या नाम दिए हैं. एंटी नेशनल, टुकड़े-टुकड़े गैंग और न जाने क्या-क्या. टुकड़े टुकड़े गैंग इस मुल्क में अगर कई है तो ये नाजायज़ हुक़ूमत है.
उन्होंने कहा, …मैं इस हुक़ूमत से ये सवाल पूछना चाहता हूं. और क्या क्या करोगे हमारे मुल्क के नौजवानों की हिम्मत तोड़ने के लिए, हमारी शिक्षा व्यवस्था को बर्बाद करने के लिए और हमारे लोकतंत्र को ख़तरे में डालने के लिए कितना करोगे?…कहां तक जाओगे?
उन्होंने कहा, पहले जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय, फिर सत्यजीत रे फ़िल्म इंस्टीट्यूट और अब जामिया मिल्लिया में जो छात्रों पर जो ज़ुल्म किया जा रहा है वो याद रखा जाएगा. सब कुछ याद रखा जाएगा. कर लो जितना हो सके तुमसे.
इसके बाद उन्होंने स्वतंत्रता सेनानी बिस्मिल अज़ीमाबादी की कविता सरफ़रोशी की तमन्ना अब हमारे दिल में है की पंक्ति पढ़ी, देखना है ज़ोर कितना बाज़ू-ए-कातिल में है.
इसी वीडियो में उन्होंने मीडिया और बीजेपी के आईटी सेल पर भी तीख़ा हमला बोला.
उन्होंने कहा, पूरी ताक़त लगाकर जो करना है कर लो, हमारे नौजवानों का हौसला न टूटने वाला है, न हमारी शिक्षा संस्था बर्बाद होने वाली है और न हमारा लोकतंत्र ख़तरे में पड़ने वाला है.
हाल के महीनों में शाह ने छात्र प्रदर्शनों के समर्थन में सोशल मीडिया पर कई वीडियो पोस्ट किए हैं. पिछले सप्ताह उन्होंने कोलकाता स्थित सत्यजीत रे फ़िल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट (एसआरएफ़टीआई) के छात्रों के प्रति एकजुटता जताई थी.(bbc.com/hindi)



