इजरायली राजदूत ने सलाम किया: फ्लाईदुबई के भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर की बहादुरी से 174 यात्रियों की जान बची

दुबई–तेल अवीव उड़ान FZ1073 पर कॉकपिट हमले के बाद आपातकालीन लैंडिंग; कैप्टन स्थिर हालत में, सह-पायलट गिरफ्तार
फ्लाईदुबई की दुबई से तेल अवीव जा रही उड़ान FZ1073 पर बुधवार, 30 सितंबर 2026 को कॉकपिट में हुए हिंसक हमले के बाद भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर की भूमिका को भारत, इजरायल और संयुक्त अरब अमीरात में व्यापक प्रशंसा मिल रही है। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू, भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारत में इजरायल के राजदूत रूवेन अजार ने कैप्टन मच्छर को नायक करार दिया है।
नेतन्याहू के अनुसार कैप्टन मच्छर ने चाकू से घायल होने के बावजूद प्रतिरोध किया, कॉकपिट का दरवाजा खोला और यात्रियों तथा चालक दल को हमलावर को काबू करने का मौका दिया। उन्होंने लिखा कि इससे 174 लोगों की जान बची, जिनमें इजरायली नागरिक और अन्य राष्ट्रीयता के यात्री शामिल थे।
भारत में इजरायली राजदूत का संदेश
भारत में इजरायल के राजदूत रूवेन अजार ने सोशल मीडिया पर लिखा कि वे इजरायली, भारतीय और यूएई के लोगों के साथ कैप्टन स्मित मच्छर की सेहत के लिए प्रार्थना करते हैं। उन्होंने उन्हें अनुभवी और योग्य भारतीय पायलट बताया तथा कहा कि उनकी हिम्मत और इजरायली तथा अमीराती यात्रियों व क्रू की हिम्मत ने करीब 180 लोगों की जान बचाई। राजदूत ने संदेश का समापन “आतंकवाद के खिलाफ एकजुट” शब्दों से किया।
इजरायल के विदेश मंत्रालय ने भी कैप्टन मच्छर को नायक बताया। मंत्रालय के अनुसार घायल होने के बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोला, जिससे इजरायली यात्री और अमीराती क्रू अंदर जा सके। मंत्रालय ने लिखा कि भारतीय, इजरायली और अमीराती राष्ट्रीयताओं के लोगों ने मिलकर 174 जानें बचाईं।
उड़ान पर क्या हुआ
फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 बुधवार सुबह दुबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से तेल अवीव के बेन गुरियन हवाई अड्डे के लिए रवाना हुई। विमान बोइंग 737 था। आधिकारिक और यात्री बयानों के अनुसार उड़ान के दौरान कॉकपिट में दो पायलटों के बीच झड़प हुई। इजरायली प्रधानमंत्री ने कहा कि एक पायलट ने दूसरे पायलट पर चाकू से हमला किया और जाहिर तौर पर विमान को गिराने की कोशिश की।
फ्लाइट ट्रैकिंग आंकड़ों के अनुसार विमान ने अचानक हजारों फीट की ऊंचाई खोई। विभिन्न रिपोर्टों में यह गिरावट करीब 14,000 से 17,000 फीट बताई गई है। विमान ने आपातकालीन संकेत प्रसारित किए और बाद में सऊदी अरब के उत्तर-पश्चिमी शहर तबूक के हवाई अड्डे पर आपातकालीन लैंडिंग की।
फ्लाईदुबई ने कहा कि उड़ान के दौरान “अल्टरकेशन” हुआ। एयरलाइन के अनुसार उसी उड़ान में यात्रा कर रहे ड्यूटी पर मौजूद फ्लाईदुबई क्रू ने विमान को सुरक्षित किया और तबूक में उतारा। एयरलाइन ने कहा कि सभी यात्री और चालक दल सुरक्षित हैं। हमले का मकसद जांच का विषय है, एयरलाइन ने यह स्पष्ट किया।
कैप्टन की भूमिका और यात्रियों की मदद
इजरायली प्रधानमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता के अनुसार घायल कैप्टन खून से लथपथ फर्श पर पड़े थे, फिर भी उन्होंने अपनी अंतिम ऊर्जा लगाकर कॉकपिट का दरवाजा खोलने वाला लॉक दबाया। इसके बाद यात्री और क्रू अंदर घुसे, हमलावर को काबू किया और नियंत्रण पैनल पर कथित तोड़फोड़ रोकने की कोशिश की।
नेतन्याहू ने एक इजरायली यात्री का हवाला दिया, जिसने बताया कि विमान घूमने लगा और नीचे गिरने लगा। यात्री और एक क्रू सदस्य कॉकपिट में घुसे तथा चाकू चलाने वाले पायलट को तब काबू किया जब वह विमान की प्रणालियों को नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहा था। इसके बाद उड़ान में मौजूद अन्य क्रू सदस्यों ने विमान को स्थिर किया। रिपोर्टों के अनुसार उड़ान में सवार अतिरिक्त फ्लाईदुबई पायलटों ने तबूक में लैंडिंग कराई।
यात्री बाद में रिप्लेसमेंट उड़ान से तेल अवीव पहुंचे। अधिकांश यात्री इजरायली बताए गए हैं। कुछ रिपोर्टों में कुल यात्री संख्या 174 बताई गई है, जिनमें बच्चे भी शामिल थे। राजदूत अजार के संदेश में “180 जानें” का उल्लेख है। आधिकारिक बयानों में सबसे अधिक दोहराई गई संख्या 174 है।
कैप्टन स्मित मच्छर कौन हैं
कैप्टन स्मित मच्छर भारतीय नागरिक हैं। रिपोर्टों के अनुसार वे मुंबई से जुड़े हैं और गुजराती मूल के बताए गए हैं। वे पहले स्पाइसजेट के साथ लंबे समय तक रहे और बाद में फ्लाईदुबई में डायरेक्ट-एंट्री कैप्टन बने। भारतीय दूतावास, रियाद के अनुसार वे तबूक के अस्पताल में आवश्यक चिकित्सा प्राप्त कर रहे हैं और हालत स्थिर बताई गई है। दूतावास परिवार और सऊदी अधिकारियों के संपर्क में है।
नेताओं की प्रतिक्रिया
नेतन्याहू ने लिखा, “भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छर को मेरा सलाम। चाकू से घायल और गंभीर रूप से जख्मी होने के बावजूद उन्होंने संघर्ष किया, प्रतिरोध किया, कॉकपिट का दरवाजा खोला और यात्रियों तथा क्रू को हमलावर पर काबू पाने दिया। उन्होंने विमान में बड़ी तबाही रोकी। वे सच्चे नायक हैं।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लिखा कि सबसे बड़े खतरे के सामने और गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद कैप्टन मच्छर ने दूसरों की जान बचाने का संकल्प दिखाया। उनके साहस से सैकड़ों जानें बचीं और बड़ी त्रासदी टली। भारत कैप्टन मच्छर पर गर्व करता है और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता है।
इजरायली रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने घटना को “जिहादी आतंकी हमले का प्रयास” बताया, जिसे यात्रियों की बहादुरी से नाकाम किया गया। यह आरोप जांच के अधीन है। फ्लाईदुबई ने मकसद पर अंतिम टिप्पणी नहीं की है। सह-पायलट को ओमानी नागरिक बताया गया है। वे सऊदी अधिकारियों की गिरफ्तारी और पूछताछ में हैं। ओमान की ओर से तत्काल विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आई।
जांच और वर्तमान स्थिति
सऊदी अरब में लैंडिंग के बाद विमान सुरक्षित कर लिया गया। यात्रियों को बाद में इजरायल पहुंचाया गया। कैप्टन मच्छर तबूक में इलाज करा रहे हैं। सह-पायलट हिरासत में हैं। घटना की आपराधिक और विमानन जांच चल रही है। फ्लाईदुबई ने इजरायल से उड़ानों पर अस्थायी असर की जानकारी भी दी है, जबकि जांच जारी है।
यह घटना अब्राहम समझौते के बाद दुबई और तेल अवीव के बीच नियमित नागरिक उड़ानों के संदर्भ में हुई। अधिकारियों ने यात्रियों, क्रू और तीन देशों के बीच सहयोग को रेखांकित किया है। अंतिम निष्कर्ष जांच एजेंसियों के रिपोर्ट पर निर्भर करेगा। फिलहाल पुष्ट तथ्य यह हैं कि विमान तबूक में सुरक्षित उतरा, सभी यात्री जीवित रहे, भारतीय कैप्टन अस्पताल में स्थिर हैं, और इजरायल के भारत स्थित राजदूत समेत कई नेताओं ने उनके साहस को सार्वजनिक सलाम दिया है।



