फ़्रांस के कई शहरों में प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़पें, 135 लोग गिरफ़्तार

फ़्रांस के कई शहरों में शनिवार को प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़पें हुई हैं. देशभर में हज़ारों लोग प्रदर्शन करने के लिए सड़कों पर उतरे हैं.
पेरिस पुलिस के मुताबिक़, देशव्यापी प्रदर्शनों के तहत आज राजधानी पेरिस में 1 लाख 10 हज़ार लोगों ने मार्च निकाला. पुलिस ने बताया कि पूरे शहर में हालात ज़्यादातर शांत रहे.
लियोन और मार्सेई समेत कई शहरों में पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े. वहीं, बोर्डो में कुछ लोगों को एक दुकान के बाहर लगे लकड़ी के तख्ते उखाड़ते और बैरिकेड बनाते देखा गया.
हालांकि, पेरिस में मौजूद बीबीसी संवाददाता के मुताबिक़, अब तक पिछले प्रदर्शनों के दौरान हुई अफ़रा-तफ़री जैसे हालात नहीं बने हैं.
मध्य पेरिस में प्रदर्शन कर रही एक महिला ने बीबीसी से कहा कि जब तक फ़्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों प्रदर्शनकारियों की बात नहीं सुनते, तब तक प्रदर्शन जारी रहेंगे.
26 साल की ज़ेली ने कहा कि लोग सड़कों पर इसलिए उतरे हैं, क्योंकि वे बहुत निराश हैं और मैक्रों के सत्ता में आने के बाद से बहुत कुछ बर्दाश्त कर रहे हैं.
उन्होंने कहा, वे हमें चुप रखते हैं. वे हमारा पैसा लेते हैं, हम पर बहुत ज़्यादा टैक्स लगाते हैं और हम कुछ कह भी नहीं सकते.
उन्होंने कहा, आज हम सड़कों पर हैं, क्योंकि अब बहुत समय हो गया है और बहुत कुछ बर्दाश्त कर लिया है.
फ़्रांस के गृह मंत्री ने इससे पहले बताया था कि देशभर में 135 लोगों को गिरफ़्तार किया गया है. वहीं, पेरिस में पुलिस ने हथियार और गैस मास्क ज़ब्त किए हैं.
स्थानीय न्यूज़पेपर ले पेरिसियन के मुताबिक़, स्ट्रासबर्ग में पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच कई बार झड़पें हुईं. वहीं, नैंसी में कई अनधिकृत मार्च निकाले जाने के दौरान वाटर कैनन का इस्तेमाल किया गया.
आज के ये प्रदर्शन पिछले सप्ताह के आखिर में हुए दंगों और लूटपाट की घटनाओं के बाद हो रहे हैं. उन घटनाओं में 2,700 से ज़्यादा लोगों को गिरफ़्तार किया गया था.(bbc.com/hindi)



