छत्तीसगढ़

तेजस्वी यादव का चुनाव आयोग पर निशाना, SIR प्रक्रिया में गड़बड़ी और पक्षपात का लगाया आरोप

पटना: बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता और राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के नेता तेजस्वी यादव ने सोमवार को आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार में शुरू की गई स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया के दौरान मतदाता सूची में व्यापक स्तर पर अनियमितताएं हुईं।

पत्रकारों से बातचीत में तेजस्वी यादव ने कहा कि उनकी पार्टी ने SIR प्रक्रिया शुरू होने के समय से ही इसका विरोध किया था। उनका दावा है कि चुनाव आयोग ने निष्पक्ष तरीके से काम नहीं किया और उसकी कार्यप्रणाली पक्षपातपूर्ण रही।

आरजेडी नेता ने आरोप लगाया कि मतदाता सूची संशोधन के दौरान बड़ी संख्या में लोगों के नाम हटाए गए। उन्होंने कहा कि कई ऐसे मतदाताओं के नाम सूची से काट दिए गए जो जीवित हैं और मतदान के पात्र हैं।

तेजस्वी यादव ने अपने विधानसभा क्षेत्र राघोपुर का उदाहरण देते हुए दावा किया कि वहां कई जीवित लोगों को रिकॉर्ड में मृत दिखा दिया गया, जिसके कारण उनके नाम मतदाता सूची से हट गए। उन्होंने कहा कि इस तरह की गड़बड़ियां लोकतांत्रिक प्रक्रिया और मतदाताओं के अधिकारों को प्रभावित करती हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि उनकी पार्टी लंबे समय से चुनावी प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को उठाती रही है। तेजस्वी यादव के अनुसार, हाल के घटनाक्रम और सामने आई जानकारियां उन आशंकाओं को और मजबूत करती हैं जिन्हें विपक्ष पहले से उठाता रहा है।

हालांकि, चुनाव आयोग पहले भी SIR प्रक्रिया को मतदाता सूची को अद्यतन और अधिक सटीक बनाने की कवायद बता चुका है। आयोग का कहना रहा है कि उसके सभी निर्णय निर्धारित प्रक्रिया और नियमों के तहत लिए जाते हैं।

बिहार में SIR प्रक्रिया और मतदाता सूची को लेकर सियासी बहस लगातार तेज बनी हुई है। विपक्ष जहां इसे मतदाताओं के अधिकारों से जुड़ा गंभीर मुद्दा बता रहा है, वहीं चुनाव आयोग अपनी प्रक्रिया को पारदर्शी और नियमानुसार होने की बात कहता रहा है।

Related Articles

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

Back to top button