SIR पूरा राज्यों में फॉर्म-6 के साथ अतिरिक्त डिक्लेरेशन जरूरी नहीं, चुनाव आयोग का फैसला

नई दिल्ली: देश में चल रही स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) प्रक्रिया के बीच चुनाव आयोग ने फॉर्म-6 को लेकर अहम स्पष्टीकरण दिया है। आयोग के अनुसार, जिन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में SIR पूरा हो चुका है या जहां यह प्रक्रिया अभी शुरू नहीं हुई है, वहां नए मतदाता पंजीकरण के लिए फॉर्म-6 के साथ अतिरिक्त डिक्लेरेशन फॉर्म या Annexure-D भरने की जरूरत नहीं होगी।
आयोग ने साफ कहा है कि कानूनी फॉर्म-6 में कोई बदलाव नहीं किया गया है। अतिरिक्त घोषणा पत्र SIR आदेश के तहत अलग दस्तावेज के रूप में मांगा गया था। SIR अवधि खत्म होने या प्रक्रिया शुरू न होने पर मतदाता केवल रजिस्ट्रेशन ऑफ इलेक्टर्स रूल्स, 1960 के तहत निर्धारित फॉर्म-6 भरेंगे।
कहां लागू रहेगा अतिरिक्त डिक्लेरेशन
जिन राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में SIR अभी जारी है, वहां नए नामांकन या राज्य के बाहर से शिफ्टिंग के आवेदनों के साथ अतिरिक्त डिक्लेरेशन फॉर्म अभी भी मांगा जा सकता है। आयोग के पोर्टल ECINET और संबंधित मुख्य निर्वाचन अधिकारी पोर्टलों पर भी यही व्यवस्था दिखाई जा रही है। SIR पूरे हो चुके राज्यों में यह अतिरिक्त हिस्सा ऑनलाइन फॉर्म से हटा दिया गया है।
यह अतिरिक्त घोषणा पत्र आवेदक या उसके माता-पिता अथवा दादा-दादी का नाम पिछली गहन पुनरीक्षण वाली मतदाता सूची में दर्ज होने से जुड़ी जानकारी मांगता था। आयोग का कहना है कि फॉर्म-6 का मूल स्वरूप वैधानिक रूप से वही है। SIR के दौरान जो अतिरिक्त घोषणा मांगी गई, वह प्रक्रिया के उद्देश्यों के लिए अलग से जोड़ी गई थी।
आयोग का रुख क्या है
चुनाव आयोग के अनुसार, बिहार SIR आदेश दिनांक 24 जून 2025 और बाद के SIR आदेशों में फॉर्म-6 या फॉर्म-8 के साथ अतिरिक्त डिक्लेरेशन फॉर्म भरने का प्रावधान था। आयोग ने यह भी कहा है कि SIR अवधि में यह अतिरिक्त घोषणा पत्र भरने वाले आवेदक को उसी के साथ अन्य दस्तावेज जमा करने की जरूरत नहीं थी।
आयोग का स्पष्टीकरण है कि SIR पूरा होने के बाद या प्रक्रिया शुरू होने से पहले सामान्य वैधानिक फॉर्म ही लागू रहेंगे। SIR चल रहे क्षेत्रों में अतिरिक्त घोषणा की व्यवस्था फिलहाल बनी हुई है। नए मतदाता आवेदन से पहले अपने राज्य या केंद्र शासित प्रदेश में SIR की मौजूदा स्थिति और ECINET पोर्टल पर दिख रहे फॉर्म की जांच कर लें।
फॉर्म-6 नए मतदाता के नाम को मतदाता सूची में शामिल कराने का निर्धारित आवेदन है। फॉर्म-8 निवास स्थान बदलने, विवरण सुधारने या EPIC से जुड़े मामलों में उपयोग होता है। आयोग का ताजा रुख यही है कि अतिरिक्त Annexure-D या SIR डिक्लेरेशन हर जगह अनिवार्य नहीं है। यह केवल उन क्षेत्रों तक सीमित है जहां SIR प्रक्रिया अभी चल रही है।



