MLC मतदाता सूची में अजीबोगरीब नामों से मचा हड़कंप, जांच में सामने आई गड़बड़ी

कहीं मतदाता का नाम टक्कर मारना, तो कहीं पिता का नाम राम ने शर्मा को मारा; वायरल सूची के कुछ दावे निकले गलत
उत्तर प्रदेश, 24 अक्टूबर।उत्तर प्रदेश विधान परिषद (MLC) चुनाव की मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों को लेकर सोशल मीडिया पर किए जा रहे दावों ने चुनावी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। वायरल सूचियों में मतदाताओं के ऐसे अजीबोगरीब नाम और पते सामने आए, जिन्हें पढ़कर कोई भी हैरान रह जाए। हालांकि, पड़ताल में कुछ दावे आधिकारिक सूची से मेल नहीं खाते, जबकि कुछ प्रविष्टियों में गंभीर त्रुटियां सामने आईं।
वायरल दावों की जांच के लिए संबंधित जिलों की एमएलसी चुनाव मतदाता सूचियों से नामों का मिलान किया गया। इसमें भाग संख्या 73 के क्रमांक 420 पर राम ने मारा यादव को, भाग संख्या 69 के क्रमांक 351 पर टक्कर मारना, भाग संख्या 133 के क्रमांक 768 पर रवि शर्मा के पिता का नाम राम ने शर्मा को मारा और भाग संख्या 189 के क्रमांक 1034 पर मूर्ख काली देवी जैसे नाम दर्ज होने का दावा किया गया। इसके अलावा, भाग संख्या 15 में मोहम्मद पागल रेहान और भाग संख्या 81 में नरेंद्र यादव के पिता का नाम बी कॉम दर्ज होने की बात भी सामने आई।
झांसी की सूची में वायरल दावा गलत
वायरल सूची में यह भी दावा किया गया था कि झांसी के भाग संख्या 252 के क्रमांक 566 पर खालिद अली ने कहा नाम का मतदाता दर्ज है। लेकिन दिसंबर 2025 में अपडेट की गई आधिकारिक मतदाता सूची की जांच में इस भाग में केवल 537 मतदाता मिले। ऐसे में क्रमांक 566 की प्रविष्टि वहां मौजूद नहीं थी और वायरल दावा इस मामले में सही नहीं पाया गया।
दूसरी ओर, भाग संख्या 133 के क्रमांक 768 पर रवि शर्मा के नाम के साथ उनके पिता का नाम राम ने शर्मा को मारा दर्ज होने की बात सामने आई। यह प्रविष्टि मतदाता सूची में त्रुटि की आशंका को उजागर करती है।
इस मामले ने मतदाता सूची तैयार करने और उसके सत्यापन की प्रक्रिया पर सवाल खड़े किए हैं। हालांकि, केवल असामान्य नाम दर्ज होने से किसी मतदाता को फर्जी नहीं माना जा सकता। यह स्पष्ट करने के लिए कि ये नाम वास्तविक रिकॉर्ड की गलतियों, डेटा एंट्री की त्रुटियों या किसी अन्य कारण से दर्ज हुए, संबंधित निर्वाचन अधिकारियों की पुष्टि जरूरी है।
